NEET 2026 की तैयारी कर रहे हर मेडिकल छात्र के दिमाग में इन दिनों बस एक ही बड़ा सवाल घूम रहा है—"आखिर एक अच्छे सरकारी कॉलेज में अपनी MBBS सीट पक्की करने के लिए मुझे कम से कम कितने नंबर लाने होंगे ?
इस साल कॉम्पिटिशन अपने चरम पर है और 24 लाख से भी ज्यादा छात्र मैदान में हैं। ऐसे में सिर्फ परीक्षा पास करना काफी नहीं है, बल्कि आपको अपनी कैटेगरी के हिसाब से एक सुरक्षित स्कोर हासिल करना होगा। यहां आसानी से समझें कि इस साल का सही MBBS टारगेट और एक्सपेक्टेड कटऑफ क्या रहने वाला है।
NEET 2026 परीक्षा में 'क्वालिफाइंग कटऑफ' और 'एडमिशन सेफ स्कोर' में बहुत बड़ा अंतर होता है। क्वालीफाइंग स्कोर लाकर आप केवल काउंसलिंग में बैठने के लायक बनते हैं, लेकिन सरकारी कॉलेज में सीट पाने के लिए आपको सेफ स्कोर ज़ोन में आना जरूरी है।
NTA द्वारा जारी होने वाले संभावित पासिंग अंक नीचे दिए गए हैं l अगर आपके नंबर इसके बीच आते हैं, तो आप काउंसलिंग के लिए एलिजिबल यानी योग्य माने जाएंगे:
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कैटेगरी |
क्वालीफाइंग परसेंटाइल |
संभावित क्वालीफाइंग मार्क्स (2026) |
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जनरल / यूआर / ईडब्ल्यूएस |
50th Percentile |
165 – 170 |
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ओबीसी |
40th Percentile |
130 – 135 |
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एससी |
40th Percentile |
105 – 115 |
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एसटी |
40th Percentile |
105 – 115 |
अगर आपका सपना एक बेहतरीन सरकारी मेडिकल कॉलेज से बेहद कम फीस में MBBS करना है, तो Physics Wallah के एनालिसिस के अनुसार आपको नीचे दिए गए टारगेट स्कोर को हासिल करना होगा:
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कैटेगरी |
सरकारी एमबीबीएस सेफ स्कोर (All India Quota) |
सरकारी बीडीएस सेफ स्कोर |
प्राइवेट कॉलेज सेफ स्कोर |
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जनरल (UR) |
610+ |
480+ |
450+ |
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ईडब्ल्यूएस (EWS) |
600+ |
470+ |
430+ |
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ओबीसी (OBC) |
590+ |
460+ |
420+ |
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एससी (SC) |
520+ |
430+ |
380+ |
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एसटी (ST) |
490+ |
400+ |
350+ |
छात्रों को अपनी तैयारी को मजबूत करने के लिए मॉक टेस्ट देते समय इन तीन मुख्य ज़ोन को ध्यान में रखना चाहिए। इन ज़ोन्स के आधार पर अपने नंबरों का एनालिसिस करके आप अपनी कमजोरियों को समय रहते सुधार सकते हैं।
प्लेटिनम श्रेणी (Platinum Zone) : यह पूरी तरह सुरक्षित ज़ोन है। इस रेंज में नंबर आने पर आपको देश के सबसे टॉप कॉलेज जैसे AIIMS New Delhi या MAMC में आसानी से एडमिशन मिल सकता है।
स्वर्ण श्रेणी (Gold Zone) : जनरल और OBC कैटेगरी के छात्रों के लिए यह बहुत ही सुरक्षित पायदान है। इसके जरिए ऑल इंडिया कोटा (AIQ) से राज्यों के बेहतरीन सरकारी मेडिकल कॉलेज मिल जाते हैं।
सीमांत श्रेणी (Borderline Zone) : इस ज़ोन में थोड़ा रिस्क रहता है। एडमिशन मिलना इस बात पर निर्भर करेगा कि आपके राज्य का कटऑफ कितना जाता है और उस साल का पेपर कितना कठिन था।
अगर आप बिल्कुल सुरक्षित (Safe Zone) रहना चाहते हैं, तो पिछले साल की आखिरी कटऑफ को अपना अंतिम लक्ष्य मत मानिए। हमेशा पिछले साल के कटऑफ मार्क्स से कम से कम 30 से 40 नंबर ज़्यादा लाने का टारगेट लेकर चलें।
General/OBC के छात्र: अपने मॉक टेस्ट में लगातार 650+ का स्कोर बनाए रखने की कोशिश करें, ताकि फाइनल एग्जाम के प्रेशर में भी आप आराम से 610+ ला सकें।
SC/ST के छात्र: मॉक टेस्ट में 550+ का लक्ष्य रखें, जिससे परीक्षा के दिन आप 500+ का स्कोर आसानी से पार कर लें।
