
CBSE कक्षा 12 अकाउंटेंसी बोर्ड परीक्षा 2026, जो 24 फरवरी 2026 को आयोजित होने वाली है, कॉमर्स स्ट्रीम के छात्रों के लिए एक बेहद महत्वपूर्ण और स्कोरिंग परीक्षा मानी जाती है। अकाउंटेंसी में अच्छे अंक केवल रटने से नहीं, बल्कि थ्योरी की सही समझ, नियमित प्रश्न अभ्यास और साफ़ प्रस्तुति से मिलते हैं। परीक्षा नज़दीक होने के कारण अब फुल रिविजन का समय है। इस ब्लॉग में हम पेपर पैटर्न, महत्वपूर्ण थ्योरी, बार-बार पूछे जाने वाले अभ्यास प्रश्न और एक्सपर्ट टिप्स को आसान भाषा में समझेंगे, ताकि छात्र कम समय में आत्मविश्वास के साथ अपनी तैयारी मज़बूत कर सकें।
CBSE कक्षा 12 अकाउंटेंसी परीक्षा में अच्छे अंक पाने के लिए ज़रूरी थ्योरी टॉपिक्स का त्वरित रिविजन बहुत मददगार होता है। Partnership Accounts में Admission, Retirement, Death of a Partner, Reconstitution और Dissolution से जुड़े नियम, सूत्र और जर्नल एंट्री का लॉजिक अच्छी तरह समझ लें। Company Accounts में शेयर पूंजी और डिबेंचर से संबंधित थ्योरी, जैसे शेयर जारी करना, जब्ती और भुगतान के नियम दोहराएँ।
Part B में चुने गए विषय की परिभाषाएँ, मुख्य बिंदु और उदाहरण याद करें ,
जैसे Financial Statement Analysis चुनने वाले छात्रों के लिए—अनुपात विश्लेषण में Current Ratio का अर्थ, उसका सूत्र और यह किस स्थिति को दर्शाता है, अच्छे से समझें।
Cash Flow Statement में Operating, Investing और Financing Activities के बीच अंतर और उनके छोटे-छोटे उदाहरण याद रखें।
Computerised Accounting चुनने वाले छात्रों के लिए—कंप्यूटरीकृत अकाउंटिंग का अर्थ, इसके फायदे, अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर का उपयोग और डेटा एंट्री की प्रक्रिया जैसे बेसिक उदाहरण समझना ज़रूरी है।
थ्योरी को उदाहरणों के साथ पढ़ने से प्रश्न जल्दी और सही हल होते हैं।
(लॉन्ग आंसर, न्यूमेरिकल और कॉन्सेप्ट-बेस्ड सवालों का अभ्यास)
कक्षा 12 अकाउंटेंसी बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक पाने के लिए बार-बार पूछे जाने वाले सवालों का अभ्यास करना बेहद ज़रूरी है। हर साल कुछ प्रश्न अलग शब्दों में दोहराए जाते हैं, इसलिए उनके कॉन्सेप्ट समझना फायदेमंद होता है। Partnership Accounts में Admission, Retirement और Dissolution से जुड़े लंबे प्रश्न और न्यूमेरिकल अक्सर परीक्षा में आते हैं। Company Accounts में शेयर पूंजी और डिबेंचर पर आधारित सवाल भी महत्वपूर्ण होते हैं। इसके अलावा कॉन्सेप्ट-बेस्ड प्रश्न, जैसे गुडविल की गणना, अनुपात का अर्थ और उनका उपयोग भी पूछे जाते हैं। इन सभी सवालों का नियमित अभ्यास करने से हल करने की गति बढ़ती है, गलतियाँ कम होती हैं और छात्रों का आत्मविश्वास भी मजबूत होता है।
अकाउंटेंसी में उत्तर लिखते समय नैरेशन और वर्किंग नोट्स का खास ध्यान रखें, क्योंकि इन्हीं से आपके कॉन्सेप्ट की समझ दिखती है। अगर कहीं गलती हो जाए तो कटिंग करने के बजाय उसे साफ़ तरीके से एक लाइन से काटें। हर नए प्रश्न की शुरुआत नए पेज से करें और सवाल नंबर सही लिखें। जहाँ ज़रूरी हो वहाँ कैलकुलेशन के नीचे छोटा-सा निष्कर्ष भी लिखें। सही क्रम, साफ़ प्रेज़ेंटेशन और धैर्य से लिखा गया उत्तर परीक्षक पर अच्छा प्रभाव डालता है और अंक बढ़ने की संभावना रहती है।
CBSE कक्षा 12 अकाउंटेंसी परीक्षा से पहले आख़िरी समय में सही रणनीति अपनाना बहुत ज़रूरी है।