
कक्षा 12 अकाउंटेंसी बोर्ड परीक्षा 2026 24 फरवरी को यानी कल होने वाली है, इसलिए अब छात्रों के पास तैयारी के लिए बहुत कम समय बचा है। ऐसे में पूरे सिलेबस को दोबारा पढ़ने के बजाय स्मार्ट लास्ट-मिनट रिविजन करना ज़्यादा ज़रूरी है। इस लेख में CBSE कक्षा 12 अकाउंटेंसी के पेपर पैटर्न, चैप्टर-वाइज वेटेज और ज़रूरी टॉपिक्स के आधार पर आसान भाषा में रिविजन स्ट्रैटेजी बताई गई है।
कक्षा 12 अकाउंटेंसी बोर्ड परीक्षा 2026 24 फरवरी 2026 को आयोजित की जाएगी। पूरा पेपर कुल 100 अंकों का होता है, जिसमें लिखित परीक्षा (Theory) के लिए 80 अंक और प्रोजेक्ट वर्क + वाइवा के लिए 20 अंक होते हैं। लिखित पेपर में Part A में Partnership Firms और Company Accounts जैसे मुख्य टॉपिक्स शामिल हैं, जबकि Part B में छात्र Financial Statement Analysis या Computerised Accounting में से कोई एक विकल्प चुन सकता है। पूरे पेपर में formats, adjustments, journal entries, statements और calculations पर ज़ोर दिया जाता है, इसलिए परीक्षा पैटर्न को समझकर पढ़ाई करना ज़रूरी है।
कक्षा 12 अकाउंटेंसी बोर्ड परीक्षा में कुछ चैप्टर ऐसे होते हैं जिनसे हर साल ज़्यादा और बड़े प्रश्न पूछे जाते हैं। CBSE के पेपर पैटर्न के अनुसार Part A सबसे ज़्यादा महत्वपूर्ण होता है, जिसमें Accounting for Partnership Firms से लगभग 36 अंक के प्रश्न आते हैं।
इसमें Reconstitution और Dissolution जैसे टॉपिक्स बहुत अहम हैं। इसके अलावा Accounting for Companies से करीब 24 अंक तक के सवाल पूछे जाते हैं, जिसमें Share Capital और Debentures शामिल हैं। Part B में छात्र अपनी पसंद से Financial Statement Analysis या Computerised Accounting चुनते हैं, जो 20 अंकों का होता है। इसलिए बेहतर स्कोर के लिए हाई-वेटेज चैप्टर पर ज़्यादा फोकस करना ज़रूरी है।
Part B में छात्र Financial Statement Analysis या Computerised Accounting में से कोई एक विकल्प चुन सकते हैं, इसलिए जो विषय आसान लगे उसी पर फोकस करें। CBSE अकाउंटेंसी में सही फॉर्मेट और साफ गणनाएँ बहुत ज़रूरी होती हैं, क्योंकि इन्हीं के आधार पर पूरे अंक मिलते हैं।
अकाउंटेंसी की परीक्षा में छात्र अक्सर गलत फॉर्मेट, अधूरी गणनाएँ और जल्दबाज़ी में छोटी-छोटी गलतियाँ कर देते हैं। इससे बचने के लिए हर उत्तर को सही स्टेप में लिखें और कैलकुलेशन दोबारा जाँचें। परीक्षा के समय पहले पूरा प्रश्नपत्र ध्यान से पढ़ें, आसान सवालों से शुरुआत करें और हर प्रश्न के लिए समय तय करके चलें। परीक्षा के दिन शांत रहें, समय से पहले केंद्र पहुँचें और घबराहट में कोई सवाल न छोड़ें, ताकि अंक कटने से बचा जा सके।
परीक्षा अब बिल्कुल पास है, इसलिए तनाव लेने के बजाय अपनी तैयारी पर भरोसा रखें। हाई-वेटेज चैप्टर, सही फॉर्मेट और कैलकुलेशन को एक बार अच्छे से दोहरा लें। शांत मन, सही समय प्रबंधन और सकारात्मक सोच के साथ परीक्षा दें। याद रखें, आपने मेहनत की है और आप अच्छा कर सकते हैं—बस खुद पर विश्वास रखें।