UPSC Prelims Result 2026: UPSC ने 15 जून 2026 को सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा (Civil Services Preliminary Examination) 2026 का परिणाम घोषित कर दिया है। यह परिणाम 24 मई को आयोजित परीक्षा के 22 दिन बाद जारी किया गया।
परीक्षा में शामिल हुए 5.49 लाख उम्मीदवारों में से कुल 13,343 उम्मीदवार UPSC CSE मेन्स 2026 के लिए क्वालिफाई हुए हैं। परिणाम रोल नंबर PDF के रूप में upsc.gov.in पर उपलब्ध है। सफल उम्मीदवारों को 19 जून से 28 जून 2026 के बीच मेन्स परीक्षा के लिए आवेदन करना होगा।
देशभर के लाखों IAS अभ्यर्थियों का इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने 15 जून 2026 को सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा (CSE Prelims) 2026 का परिणाम घोषित कर दिया है।
परिणाम अब आधिकारिक वेबसाइट upsc.gov.in पर PDF प्रारूप में उपलब्ध है, जिसमें अगले चरण के लिए चयनित उम्मीदवारों के रोल नंबर शामिल हैं।
UPSC Prelims Result 2026: मुख्य बिंदु
रिजल्ट जारी होने की तिथि: 15 जून 2026
परीक्षा की तिथि: 24 मई 2026
पंजीकृत उम्मीदवार: 8.19 लाख से अधिक
परीक्षा में शामिल उम्मीदवार: लगभग 5.49 लाख
मेन्स के लिए क्वालिफाई उम्मीदवार: 13,343
कुल रिक्तियां: 933
रिजल्ट का प्रारूप: रोल नंबर PDF
आधिकारिक वेबसाइट: upsc.gov.in
मेन्स आवेदन विंडो: 19 जून से 28 जून 2026
मेन्स आवेदन शुल्क: UPSC द्वारा DAF (Detailed Application Form) नोटिफिकेशन में निर्धारित शुल्क लागू होगा
अगली प्रक्रिया: सफल उम्मीदवारों को UPSC CSE Mains 2026 के लिए DAF-I भरना होगा
मेन्स परीक्षा: 22 अगस्त 2026 से आयोजित होगी
चयन प्रक्रिया: मेन्स परीक्षा और पर्सनैलिटी टेस्ट (इंटरव्यू) के आधार पर अंतिम मेरिट तैयार होगी
UPSC CSE प्रीलिम्स 2026 के लिए 8.19 लाख से अधिक उम्मीदवारों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से लगभग 5.49 लाख उम्मीदवार वास्तव में परीक्षा में शामिल हुए। यह पिछले वर्षों की तरह ही एक सामान्य प्रवृत्ति है, जहां बड़ी संख्या में पंजीकृत उम्मीदवार परीक्षा के दिन उपस्थित नहीं होते।
परीक्षा OMR शीट आधारित ऑफलाइन मोड में दो शिफ्टों में आयोजित की गई थी। पहली शिफ्ट में जनरल स्टडीज पेपर-I सुबह 9:30 बजे से आयोजित हुआ, जबकि दूसरी शिफ्ट में CSAT (Civil Services Aptitude Test) पेपर-II आयोजित किया गया।
यह परीक्षा देशभर के 83 शहरों में स्थित 2,072 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित हुई, जिससे यह भारत की सबसे बड़ी एक साथ आयोजित की जाने वाली परीक्षाओं में से एक बन गई।
इस भर्ती चक्र में कुल 933 रिक्तियां हैं, जिनमें प्रतिष्ठित सेवाएं जैसे भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS), भारतीय पुलिस सेवा (IPS), भारतीय विदेश सेवा (IFS) तथा अन्य ग्रुप A और ग्रुप B केंद्रीय सेवाएं शामिल हैं।
UPSC प्रीलिम्स परिणाम देखने के लिए किसी लॉगिन आईडी या पासवर्ड की आवश्यकता नहीं होती। परिणाम PDF मेरिट सूची के रूप में जारी किया जाता है, जिसमें उम्मीदवारों को अपना रोल नंबर खोजकर परिणाम देखना होता है।
स्टेप 1: अपने ब्राउज़र में UPSC की आधिकारिक वेबसाइट upsc.gov.in खोलें।
स्टेप 2: होमपेज पर "What's New" सेक्शन देखें या "Examinations" के अंतर्गत "Written Results" टैब पर जाएं।
स्टेप 3: "Civil Services (Preliminary) Examination, 2026 — Written Result" लिंक पर क्लिक करें।
स्टेप 4: एक PDF खुलेगी जिसमें चयनित उम्मीदवारों के रोल नंबर होंगे। अपना रोल नंबर खोजने के लिए Ctrl+F (Mac पर Cmd+F) का उपयोग करें।
स्टेप 5: यदि आपका रोल नंबर सूची में दिखाई देता है, तो आप UPSC CSE मेन्स 2026 के लिए योग्य हैं। भविष्य के संदर्भ के लिए PDF डाउनलोड या प्रिंट कर लें।
नोट: UPSC परिणाम की व्यक्तिगत सूचना ईमेल या SMS के माध्यम से नहीं भेजता। उम्मीदवारों को स्वयं आधिकारिक वेबसाइट पर परिणाम देखना होता है।
उम्मीदवार https://upsc.gov.in/examinations/written-results पेज को बुकमार्क कर सकते हैं। परिणाम जारी होते ही PDF लिंक इसी पेज पर उपलब्ध होगा और विभिन्न कोचिंग संस्थानों व समाचार पोर्टलों द्वारा भी साझा किया जाएगा।
एक बड़े नीतिगत बदलाव के तहत UPSC ने CSE प्रीलिम्स 2026 की प्रोविजनल आंसर की परीक्षा के केवल चार दिन बाद, 28 मई 2026 को जारी कर दी। यह एक अभूतपूर्व कदम है। इससे पहले UPSC आमतौर पर अंतिम परिणाम घोषित होने के बाद, लगभग एक वर्ष पश्चात, आंसर की जारी करता था।
इस पारदर्शिता पहल के तहत उम्मीदवारों को परिणाम घोषित होने से पहले गलत प्रश्नों को चुनौती देने का अवसर मिला, जिससे परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता और सटीकता में सुधार हुआ।
महत्वपूर्ण बात यह है कि जनरल स्टडीज पेपर-I की प्रोविजनल आंसर की में एक प्रश्न को हटा दिया गया था। इससे उम्मीदवारों के रॉ स्कोर और संभावित कट-ऑफ पर प्रभाव पड़ सकता है।
UPSC ने हाल के वर्षों में निम्नलिखित समय अंतराल में प्रीलिम्स परिणाम घोषित किए हैं:
2024 परीक्षा: 16 जून — परिणाम 1 जुलाई (15 दिन बाद)
2025 परीक्षा: 25 मई — परिणाम 11 जून (17 दिन बाद)
2026 परीक्षा: 24 मई — परिणाम 15 जून (22 दिन बाद)
परिणाम घोषित होने के बाद सफल उम्मीदवारों को UPSC सिविल सेवा मुख्य परीक्षा 2026 के लिए आवेदन करना होगा। आमतौर पर प्रीलिम्स परिणाम जारी होने के कुछ दिनों के भीतर मेन्स आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी जाती है।
यदि कोई उम्मीदवार मेन्स आवेदन की अंतिम तिथि चूक जाता है, तो प्रीलिम्स उत्तीर्ण होने के बावजूद वह आगे की प्रक्रिया से बाहर हो सकता है।
UPSC मेन्स 2026 का आयोजन वर्ष के उत्तरार्ध में होने की संभावना है। इसमें कुल 9 प्रश्नपत्र होते हैं:
2 क्वालिफाइंग पेपर (भारतीय भाषा और अंग्रेजी)
1 निबंध (Essay) पेपर
4 सामान्य अध्ययन (GS I–IV) पेपर
2 वैकल्पिक विषय (Optional Subject) पेपर
UPSC ने अभी तक प्रीलिम्स 2026 की आधिकारिक कट-ऑफ जारी नहीं की है। कट-ऑफ अंक प्रीलिम्स परिणाम के साथ नहीं, बल्कि मेन्स परीक्षा परिणाम के समय जारी किए जाते हैं।
हालांकि, परीक्षा के कठिनाई स्तर और जनरल स्टडीज पेपर-I से एक प्रश्न हटाए जाने को देखते हुए विभिन्न कोचिंग संस्थानों का अनुमान है कि सामान्य वर्ग (General Category) की कट-ऑफ लगभग 90 से 105 अंकों के बीच रह सकती है।
अन्य आरक्षित श्रेणियों की कट-ऑफ आमतौर पर सामान्य वर्ग की तुलना में 10–20 अंक कम रहती है।
आधिकारिक वेबसाइट: upsc.gov.in
UPSC हेल्पलाइन नंबर:
011-23385271
011-23381125
जिन उम्मीदवारों को परिणाम देखने में तकनीकी समस्या आ रही है, वे कम ट्रैफिक वाले समय में वेबसाइट खोलने का प्रयास करें। परिणाम घोषित होने के दिन वेबसाइट पर अत्यधिक ट्रैफिक होने के कारण पेज लोड होने में समय लग सकता है, इसलिए धैर्य बनाए रखें और समय-समय पर पेज रिफ्रेश करते रहें।
एक महत्वपूर्ण तथ्य जिसे कई नए अभ्यर्थी नहीं समझते हैं, वह यह है कि UPSC प्रीलिम्स केवल स्क्रीनिंग परीक्षा होती है। प्रीलिम्स में प्राप्त अंक अंतिम मेरिट सूची में शामिल नहीं किए जाते।
प्रीलिम्स उत्तीर्ण करने वाले उम्मीदवार ही UPSC सिविल सेवा मुख्य परीक्षा (Mains) 2026 में बैठने के पात्र होते हैं। अंतिम रैंक और सेवा आवंटन का निर्धारण केवल मेन्स परीक्षा और व्यक्तित्व परीक्षण (इंटरव्यू) के अंकों के आधार पर किया जाता है।
CSAT (पेपर-II) केवल क्वालिफाइंग प्रकृति का होता है। उम्मीदवारों को इसमें न्यूनतम 33 प्रतिशत (200 में से 66.66 अंक) प्राप्त करना अनिवार्य है। यदि कोई उम्मीदवार CSAT में असफल रहता है, तो उसके जनरल स्टडीज पेपर-I का मूल्यांकन नहीं किया जाता, चाहे उसका GS स्कोर कितना भी अच्छा क्यों न हो।
आमतौर पर UPSC कुल रिक्तियों की संख्या से लगभग 12 से 13 गुना उम्मीदवारों को मेन्स परीक्षा के लिए शॉर्टलिस्ट करता है। इस वर्ष 933 रिक्तियों के आधार पर लगभग 11,000–12,000 उम्मीदवारों के चयन की संभावना जताई जा रही थी।
UPSC प्रीलिम्स 2026 का परिणाम आने के बाद सफल उम्मीदवारों के पास मेन्स परीक्षा की तैयारी के लिए सीमित समय होता है। ऐसे में एक सुव्यवस्थित रणनीति और सही मार्गदर्शन सफलता की संभावना बढ़ा सकते हैं।
PW UPSC अभ्यर्थियों के लिए मेन्स-केंद्रित तैयारी संसाधन उपलब्ध कराता है, जिनमें उत्तर लेखन अभ्यास (Answer Writing), जनरल स्टडीज (GS) कवरेज, निबंध (Essay) मार्गदर्शन, करेंट अफेयर्स विश्लेषण और वैकल्पिक विषयों (Optional Subjects) की तैयारी शामिल है।
PW के मेन्स प्रोग्राम में अभ्यर्थियों को नियमित टेस्ट, मॉडल उत्तर, विशेषज्ञों की प्रतिक्रिया (Feedback) और समयबद्ध अभ्यास का अवसर मिलता है, जिससे वे वास्तविक परीक्षा के अनुरूप अपनी तैयारी को मजबूत कर सकते हैं।
इसके अलावा, जिन उम्मीदवारों का चयन इस बार मेन्स के लिए नहीं हो पाया है, वे PW के फाउंडेशन और प्रीलिम्स-कम-मेन्स बैचों के माध्यम से UPSC 2027 की तैयारी को नए सिरे से शुरू कर सकते हैं। विषयवार कक्षाएं, रिकॉर्डेड लेक्चर, डाउट सपोर्ट और रणनीतिक मार्गदर्शन अभ्यर्थियों को अपनी कमजोरियों पर काम करने और अगली परीक्षा के लिए बेहतर तैयारी करने में मदद कर सकते हैं।
