उत्तर प्रदेश के बलरामपुर से आने वाले अंकित अवस्थी ने NEET की तैयारी के दौरान पढ़ाई के साथ लगातार टेस्ट और रिवीजन पर ध्यान दिया। उन्होंने Physics Wallah के Yakeen 2.0 Batch से पढ़ाई की और बताया कि क्लास के अलावा उनका रोज का पढ़ाई का समय 10 से 12 घंटे रहता था। सुबह पढ़ाई करने के बाद वह 8:30 बजे से क्लास करते थे और फिर रात 12-1 बजे तक पढ़ते थे। अपनी तैयारी के दौरान उन्होंने सभी क्लास टेस्ट दिए और RBT में भी हिस्सा लिया।
अंकित उत्तर प्रदेश के बलरामपुर से हैं। उन्होंने Yakeen 2.0 Batch से पढ़ाई करते हुए अपनी NEET तैयारी को आगे बढ़ाया। बातचीत के दौरान उन्होंने अपनी रैंक और स्कोर के बारे में बताया।
“सर, मैं उत्तर प्रदेश बलरामपुर से हूं। मेरी 64
Yakeen 2.0 में पढ़ाई के अनुभव के बारे में अंकित ने खास तौर पर ‘एमआर सर’ का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पेपर से कुछ दिन पहले तक रिवीजन कराया गया था।
“एमआर” सर ने बहुत अच्छा पढ़ाया था। लास्ट तक सर ने पढ़ाया। जब पेपर से दो-तीन दिन पहले तक अच्छी तरह रिवीजन कराई थी।”
अंकित ने बताया कि क्लास के अलावा भी वह नियमित रूप से पढ़ाई करते थे। उनका रोज का पढ़ाई का समय करीब 10 से 12 घंटे रहता था। वह कभी-कभी सुबह पढ़ाई करते थे, इसके बाद क्लास अटेंड करते थे और क्लास खत्म होने के बाद रात तक अपनी पढ़ाई जारी रखते थे।
“10 से 12 घंटा मेरा डेली का था।”
“क्लास के अलावा, कुछ कभी कभी सुबह पढ़ता था। फिर क्लास होती थी। 8:30 बजे से लेकर पूरी क्लास करता था और फिर उसके बाद रात तक पढ़ता था, 12-1 बजे।”
अंकित ने MR सर और विपिन सर की ओर से दिए गए टेस्ट का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि बैच के टेस्ट पूरे करने के बाद उन्हें Teachers की ओर से भी कई टेस्ट दिए गए, जिन्हें उन्होंने अपनी तैयारी में शामिल किया।
“मैंने जितने भी क्लास के टेस्ट थे, वो सारे टेस्ट दिए। जितने भी सर ने टेस्ट दिए थे, वो भी लगाए। जब सारे टेस्ट कंप्लीट हो गए ना, सर ने भी बहुत सारे टेस्ट हमको दिए थे। MR सर ने बहुत सारे टेस्ट हमको दिए, बाकी विपिन सर ने बहुत सारे टेस्ट हमको दिए।”
अंकित ने बताया कि उन्होंने बैच के सभी टेस्ट लगाए थे और कुछ RBT भी दिए।
“सारे टेस्ट लगाए हमने। जितने भी बैच के टेस्ट थे, सारे लगाए थे। RBT भी कुछ लगाए थे, सारे तो नहीं लगा पाए थे बट 10 तो लगाए थे।”
RBT यानी Rank Booster Tests में आने वाले अपने नंबरों के बारे में वो कहते हैं –
“इस RBT में मेरे 500 के आसपास नंबर आते थे। 500, 532 ऐसे नंबर आते थे RBT में, जो Rank Booster Test होते थे।”
अंकित ने टेस्ट के लेवल को लेकर भी अपना अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि टेस्ट का स्तर उन्हें NEET 2026 के स्तर के अनुसार लगा। उनके अनुसार, इसी वजह से उन्होंने ऐसे टेस्ट दिए, ताकि अगर टेस्ट में यहां कम नंबर भी आते हैं, तो आगे बेहतर प्रदर्शन करने में मदद मिले।
“टेस्ट का लेवल अगर यहां पर है तो NEET 2026 का लेवल यहां था। तभी तो वो लेवल के टेस्ट दिए थे ना कि भाई यहां कम आए चलेगा, लेकिन उधर तो बढ़ेगा।”
अंकित ने खास तौर पर MR सर की पढ़ाई और परीक्षा से पहले कराए गए रिवीजन के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि MR सर ने उन्हें आखिरी समय तक पढ़ाया और पेपर से दो-तीन दिन पहले तक अच्छी तरह रिवीजन कराया। उनके अनुसार, परीक्षा के समय तक पढ़ाई और रिवीजन जारी रहा।
“MR सर ने बहुत अच्छा पढ़ाया था। लास्ट तक सर ने पढ़ाया। जब पेपर से दो-तीन दिन पहले तक अच्छी तरह रिवीजन कराई थी।”
अंकित अपनी तैयारी में परिवार के सपोर्ट का जिक्र भी करते हैं l उनकी बुआ ने पढ़ाई से जुड़ी कई चीजों में उनकी मदद की।
“बुआ ने भी बहुत ज्यादा सपोर्ट किया था अपने इसमें बैग्स वगैरह खरीदने में और बाकी हर चीज में सपोर्ट किया था।”
उन्होंने बताया कि उनकी बुआ डॉक्टर हैं और उनमें से एक फिजियोथेरेपिस्ट हैं। “मेरी बुआ भी डॉक्टर है। एक फिजियोथेरेपिस्ट है।”
अंकित की NEET तैयारी में रोजाना की पढ़ाई, लगातार टेस्ट, रिवीजन और उतार-चढ़ाव के बीच खुद को संभालकर आगे बढ़ना शामिल रहा। Yakeen 2.0 Batch से पढ़ाई के दौरान उन्होंने अपने अनुभव साझा किए और बताया कि तैयारी में मेहनत और लगातार प्रैक्टिस कितनी जरूरी रही। परिवार के सपोर्ट ने भी उनकी तैयारी के सफर में साथ दिया।